प्रदूषण से सर्वमंगला मंदिर पर बढ़ा खतरा, धरना देकर जताया विरोध
आंदोलनकारी का कहना है कि जिले में विकास तो हो लेकिन हमको विनाश से बचाया जाए, इसलिए आंदोलन का रास्ता अख्तियार किया गया है।
कोरबा। बढ़ते प्रदूषण और अन्य मांगों को लेकर श्रम सेवा भूमि स्थापित कामगार संगठन कोरबा ने भूख हड़ताल और धरना प्रदर्शन किया। सर्वमंगला चौक पर हुए इस आंदोलन में कई गांव के ग्रामीण उपस्थित रहे। आंदोलनकारी का कहना है कि जिले में विकास तो हो लेकिन हमको विनाश से बचाया जाए, इसलिए आंदोलन का रास्ता अख्तियार किया गया है।
संगठन से जुड़े सदस्यों ने बताया कि कोरबा की कुलदेवी मां सर्वमंगला के मंदिर का अस्तित्व खतरे में पड़ गया है। बढ़ते प्रदूषण के कारण मंदिर और आसपास का इलाका धूल-धूसित हो रहा है। संगठन की पदाधिकारी विजय महंत ने बताया कि लगातार आंदोलन और शिकायत करने के बावजूद भी जिला प्रशासन द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसके चलते धूल के कारण लोग बीमार पड़ रहे हैं। दमा, चर्म रोग जैसी बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। ग्रामीण गोपाल कुमार का कहना है कि ऐसे कई गांव है, जहां निवासरत ग्रामीण क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही की वजह से परेशान हैं। दुर्घटना में ग्रामीणों की मौत भी हो रही है। वहीं धूल से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसे लेकर जिला प्रशासन को पहले भी अवगत कराया जा चुका है लेकिन इस पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने अनिश्चितकालीन आंदोलन भी किया जाएगा।



