Janjgir-champa News : त्योहारी सीजन में भी शहर की सड़कें और गलियां डूबा अंधेरे में
त्योहारी सीजन में जिला मुख्यालय के मुख्य मार्ग सहित गली – मोहल्लों और सड़कों में लगाई गई एलईडी लाइट बंद पड़ी हुई हैं। करोड़ों रुपए खर्च किए जाने के बाद भी शाम होते ही पूरा शहर अंधेरे में डूब जाता है।

जांजगीर – चांपा । त्योहारी सीजन में जिला मुख्यालय के मुख्य मार्ग सहित गली – मोहल्लों और सड़कों में लगाई गई एलईडी लाइट बंद पड़ी हुई हैं। करोड़ों रुपए खर्च किए जाने के बाद भी शाम होते ही पूरा शहर अंधेरे में डूब जाता है। बीटीआई चौक से लेकर कचहरी चौक तक विवेकानंद मार्ग की आधे से अधिक खंभे की लाइट खराब है या फिर बल्ब की रोशनी धीमी हो गई है। सड़क पर अंधेरा है और सीसी रोड निर्माण होने के चलते दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। नवरात्रि जैसे पर्व में भी शहर में अंधेरा छाया हुआ है मगर इससे नगर पालिका के जिम्मेदारों को कोई सरोकार नहीं है।
नगर पालिका जांजगीर नैला के वार्ड के गली – मोहल्ले ही नहीं बल्कि शहर के मुख्य मार्गों में स्ट्रीट लाइट की रोशनी दिया तले अंधेरा की कहावत को चरितार्थ कर रही है। क्योंकि शाम होते ही पूरा शहर अंधेरे में डूब जाता है। खासकर विवेकानंद मार्ग में इन दिनों शाम होते ही अंधेरा छा जाता है। क्योंकि यहां रोड डिवाइटर में लगे खंभों में एलईडी लगाई गई थी जो खराब हो गई हैं। आधे से अधिक खंभे की लाइट खराब है या फिर बल्ब की रोशनी धीमी हो गई है जिसके चलते सड़क पर अंधेरा है। वहीं जिस खंभे की एलईडी लाइट ठीक है तो खंभों की ऊंचाई अधिक होने के चलते पर्याप्त रोशनी नीचे सड़क तक नहीं पहुंच पा रही है। ऐसे में कंपनी से जिस वाट की लाइट मिल रही है नपा के द्वारा उसे जहां- तहां लगाकर व्यवस्था बनाई जा रही है। इससे ऐसी स्थिति निर्मित हो रही है। वहीं दूसरी तरफ विवेकानंद मार्ग में एक तरफ बीटीआई चौक से कचहरी चौक तक सीसी रोड निर्माण किया जा रहा है। ठेकेदार के द्वारा सुरक्षा इंतजाम किए बिना रात में भी काम कराया जा रहा है। जिसके कारण दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। इसके अलावा शारदा चौक से नेताजी चौक और केरा रोड में भी कई खंभों के बल्ब खराब हो गए हैं। जिसके चलते इस मार्ग में भी अंधेरा रहता है।
राशि मिलने के बाद भी नहीं लगाए जा सके एलईडी
नगरीय प्रशासन मंत्री शिवकुमार डहरिया ने अंधोसंरचना मद से 50 लाख रुपए शहर में बिजली व्यवस्था के लिए देने की घोषणा की थी लेकिन उसमें भी पूरी राशि नहीं मिल पाई है। केवल 20 लाख रूपये की स्वीकृति नगरपालिका को मिल गई है। राशि मिलने के बाद भी खंभों में नए एलईडी बल्ब नहीं लगाए गए। जबकि नगर पालिका के जिम्मेदारों ने शहर की इस समस्या को नवरात्रि के पहले दूर करने की बात कही थी मगर अभी तक सड़कों में नई एलईडी लाइट नहीं लगाई जा सकी है!


